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07 August 2016

कलौन्जी के फ़ायदे | Kalaunji Ke Fayde | health benefits of black seed



हलो एंड वेलकम दोस्तों,

आज आप जानेंगे कलौन्जी या मंगरैला के फ़ायदे के बारे में.

कलौन्जी एक बहुत ही प्रसिद्ध और उपयोगी मसाला है जिसका उपयोग ख़ासकर खाना बनाने में किया जाता है. भारतीय रसोई का यह अभिन्न अंग है जो अपने स्वाद और गुणों के कारण प्रचलित है. इसका इस्तेमाल  भोजन और मीठे, नमकीन व्यंजनों में भी किया जाता है.

इसे कलौन्जी, मंगरैला और अंग्रेज़ी में ब्लैक फनेल (Black Funnel) और ब्लैक सीड (Black Seed) के नाम से भी जाना जाता है.
mangrela

कलौन्जी एंटी ऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होने के साथ आवश्यक पोषक तत्वों से भी भरपूर है. इसमें कैल्शियम, पोटेशियम, आयरन, मैग्नीशियम व जिंक आदि खनिज तत्वों के अलावा प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट और वसा प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं. 

आईये अब जानते हैं इसके कुछ घरेलू प्रयोग जिनका इस्तेमाल कर बिमारियों में फ़ायदा लिया जा सकता है -

सुजन होने पर -

शरीर में कहीं भी सुजन हो जाये तो कलौन्जी को पीस कर लेप लगाने से फ़ायदा होता है.

दर्द होने पर-

कलौन्जी का तेल दर्द में बहुत फ़ायदा करता है. जोड़ों के दर्द, कमर दर, गठिया, आर्थराइटिस इत्यादि के दर्द में इसके तेल की मालिश करने से फ़ायदा होता है. इसका तेल बना बनाया मार्केट में मिल जाता है.


डायबिटीज में -

इसका चूर्ण फ़ायदा करता है. इसके तेल को सुबह-शाम एक-एक चम्मच लेने से कुछ ही दिनों में शुगर लेवल नार्मल हो जाता है. मधुमेह रोगी को इसका इस्तेमाल रोज़ करना चाहिए.

ह्रदय रोगों में-

एक चम्मच कलौन्जी के तेल को एक कप बकरी के दूध में मिलाकर सुबह शाम लेने से ह्रदय रोग में फ़ायदा होता है और हार्ट की कमज़ोरी दूर होती है.

त्वचा विकार या स्किन प्रॉब्लम में -

कलौन्जी के तेल से त्वचा विकारों में लाभ होता है. कलौन्जी के पाउडर को नारियल तेल में मिलाकर भी लगा सकते हैं. कलौन्जी के तेल में जैतून तेल मिलाकर चेहरे पर लगाने से चेहरे के दाग़-धब्बे और किल मुहांसे दूर होते हैं और सौन्दर्य निखरता है.

पेट में कीड़े होने पर-

कलौन्जी पाउडर को शहद में मिलाकर खाने से पेड़ के कीड़े निकल जाते हैं. कब्ज़ दूर होता है और पाचन शक्ति ठीक हो जाती है.


यादाश्त बढ़ाने और मानसिक एकाग्रता के लिए-

कलौन्जी के तेल के इस्तेमाल से यादाश्त बढ़ती है, भूलने की बीमारी दूर होती है और मानसिक एकाग्रता लाता है. 

HIV एड्स में -

एड्स के रोगी को कलौन्जी पाउडर का सेवन मिश्री मिलाकर करने से फ़ायदा होता है और रोग ठीक भी कर सकता है. 

कैंसर से बचाव-

कलौन्जी का इस्तेमाल कैंसर जैसे मारक रोगों से बचाता है. तो क्यों न इसे अपने भोजन में इसका उपयोग किया जाय.

कुल मिलाकर देखा जाये तो यह छोटा सा काला बीज बड़े गुणों से भरपूर है. प्रकृति का अनमोल वरदान है.


तो दोस्तों आपने आज जाना कलौन्जी के इस्तेमाल और इसके फ़ायदे के बारे में.

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 आज के लिए इतना ही. धन्यवाद्


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